3 वर्षों से अधिक समय से जिले में जमे अधिकारियों का नई ट्रांसफर नीति लागू होने पर क्या होगा स्थानांतरण ? ऊंचे रसूक, और दबदबे से 3 से 8 साल से अधिक समय से जमे जिले में कई नौकरशाह
पन्ना मध्यप्रदेश
3 वर्षों से अधिक समय से जिले में जमे अधिकारियों का नई ट्रांसफर नीति लागू होने पर क्या होगा स्थानांतरण ?
ऊंचे रसूक, और दबदबे से 3 से 8 साल से अधिक समय से जमे जिले में कई नौकरशाह 
मध्य प्रदेश सरकार द्वारा नई ट्रांसफर नीति बनाई गई है जो 01 जून 2026 से प्रभावी होने वाली है और इसके अंतर्गत जिले में जगह अधिकारियों का स्थानांतरण होगा जिसके अंतर्गत अधिकारी स्वयं के मद से या शासन के आदेश से दूसरे जिले में अपनी सेवाएं देंगे, पर पन्ना जिले में कई अधिकारी ऐसे चर्चित चेहरे हैं जो राजस्व ,पुलिस , खनिज विभाग एवं आबकारी और अन्य विभागों में पदस्थ है जो 3 वर्ष से अधिक समय होने पर भी स्थानांतरित नहीं हुए हैं और कई अधिकारियों का स्थानांतरण हुआ भी तो उनके द्वारा यह स्थानांतरण शिथिल करते हुए पुनः पन्ना वापस हुए हैं।
स्थानांतरण नीति के अनुसार जो राजपत्रित अधिकारी होते हैं वह एक जिले में तीन वर्ष अधिकतम 5 वर्ष तक अपनी सेवाएं दे सकते हैं इसके बाद उनका स्थानांतरण अनिवार्यता से दूसरे जिले में होता है पर इसके विपरीत कई अधिकारी पन्ना जिले में 3 वर्ष से अधिक समय से जमे हुए हैं और लगातार नियमों को चुनौती दे रहे है उच्च अधिकारियों को संज्ञान लेने वाली बात यह है कि इनको पन्ना जिले में पदस्थ करने के बाद समय सीमा पूरी हो जाने के बाद भी उच्च अधिकारी स्थानांतरण करना ही भूल गए हैं या कर नहीं पा रहे हैं।
क्योंकि अब मोहन सरकार द्वारा नई ट्रांसफर नीति बनाई गई है जो 1 जून से प्रभावी होगी और अब लगता है कि 3 वर्ष से अधिक समय से जमे जिले में अधिकारियों का स्थानांतरण संभव होगा। या फिर यह सब कागजी वादे रह जाते हैं यह देखना होगा।